Delhi-NCR में बसने जा रहा है ‘नया गाजियाबाद’, किसानों की जमीन बनेगी सोना, खुलेंगे हजारों रोजगार के अवसर
Delhi-NCR- एक ताजा रिपोर्ट के मुताबिक आपको बता दें कि Delhi-NCR में ‘नया गाजियाबाद’ बनाया जाएगा। बताया जा रहा है कि इस प्रोजेक्ट में किसानों की जमीन अच्छी कीमत पर खरीदी जा रही है, जिससे उन्हें फायदा होगा। टाउनशिप (township) में रहने के लिए आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी और नए रोजगार के अवसर भी बनेंगे... इस रिपोर्ट से जुड़ी पूरी डिटेल जानने के लिए इस खबर को पूरा पढ़ लें-
HBN News TV – (Delhi NCR Project) दिल्ली-NCR के विकास को बढ़ावा देने के लिए सरकार कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर काम कर रही है। इसी क्रम में नए शहर के विकास का प्रोजेक्ट भी तेजी से आगे बढ़ रहा है। इस प्रोजेक्ट का लेआउट तैयार करने के लिए टोपोग्राफिकल सर्वे (topographical survey) जारी है, जिसे अगले 30 दिनों में पूरा होने की उम्मीद है। आइए पूरी जानकारी जानते हैं…
नए शहर के लिए जमीन अधिग्रहण का काम जारी-
नए शहर का विकास कुल 521 हेक्टेयर क्षेत्र में दो चरणों में किया जाएगा। पहले चरण में करीब 350 हेक्टेयर जमीन को शामिल किया जाएगा, जिसे आसपास के पांच गांवों से अधिग्रहित (acquired from five villages) करने की योजना है। शेष जमीन दूसरे चरण के विकास कार्य में जोड़ी जाएगी।
GDA खरीद रहा किसानों से सीधे जमीन –
इस प्रोजेक्ट के लिए, GDA (Ghaziabad Development Authority) किसानों से सीधे जमीन खरीद रहा है ताकि पारदर्शी और सहमति आधारित जमीन अधिग्रहण प्रक्रिया सुनिश्चित हो सके।
किसानों की जमीन बनेगी सोना-
अब तक करीब 35 हेक्टेयर जमीन का रजिस्ट्रेशन (बिक्रीनामा) GDA के नाम हो चुका है, जबकि लगभग 85 हेक्टेयर जमीन के लिए किसानों की सहमति मिल गई है। अथॉरिटी को किसानों से कुल लगभग 336 हेक्टेयर जमीन खरीदनी है, जबकि शेष जमीन पहले से ही GDA के पास मौजूद है। अधिकारियों के अनुसार, जैसे ही 120 हेक्टेयर क्षेत्र का अधिग्रहण पूरा हो जाएगा, पहले चरण की औपचारिक लॉन्चिंग कर दी जाएगी।
नए शहर का किया जा रहा है लेआउट तैयार-
टाउनशिप का लेआउट तैयार करने के लिए टोपोग्राफिकल और सैटेलाइट सर्वे चल रहे हैं। GDA अधिकारियों के अनुसार यह सर्वे अगले 30 दिनों में पूरा हो जाएगा। इसके आधार पर टाउनशिप का मास्टर प्लान और लेआउट तैयार किया जाएगा। साथ ही, पहले चरण की विस्तृत प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR) तैयार करने का काम भी तेज गति से जारी है।
जमीन अधिग्रहण पर खर्च होंगे ₹1200 करोड़ –
जमीन अधिग्रहण पर बड़े पैमाने पर निवेश किया जा रहा है। GDA अधिकारियों के अनुसार, आगामी वित्तीय वर्ष में इस प्रोजेक्ट के लिए जमीन अधिग्रहण पर लगभग ₹1200 करोड़ खर्च किए जाएंगे। सरकार ने मुख्यमंत्री शहरी विस्तार योजना (Chief Minister Urban Expansion Scheme) के तहत ₹400 करोड़ की सहायता प्रदान की है, जबकि शेष ₹800 करोड़ की राशि GDA अपने संसाधनों से वहन करेगा।
इस इलाके की बदलेगी तस्वीर-
इस प्रोजेक्ट में जमीन मौजूदा सर्कल रेट (property circle rate) से करीब चार गुना अधिक कीमत पर खरीदी जा रही है। सबसे बड़ा अधिग्रहण नगला फिरोज मोहनपुर गांव में किया जा रहा है, जहां लगभग 192 हेक्टेयर जमीन ₹7200 प्रति वर्ग मीटर की दर से खरीदी जा रही है। इससे किसानों को सीधा आर्थिक लाभ (Direct economic benefits to farmers) मिल रहा है।
आधुनिक सुविधाओं का हब बनेगा नया गाजियाबाद –
GDA के वाइस चेयरमैन के अनुसार, हरनंदीपुरम को भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त एक सुव्यवस्थित और आधुनिक टाउनशिप (well organized and modern township) के रूप में विकसित किया जाएगा। अथॉरिटी का लक्ष्य ‘नए गाजियाबाद’ को आवास, रोजगार और शहरी सुविधाओं का प्रमुख केंद्र बनाना है।
जल्द लॉन्च करने की योजना-
गाजियाबाद में प्रस्तावित हरनंदीपुरम टाउनशिप को ‘नए गाजियाबाद’ के रूप में विकसित किया जाना है। इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट के पहले चरण की तैयारियाँ तेज हो चुकी हैं और अथॉरिटी इसे जल्द ही लॉन्च करने की तैयारी कर रही है।
First published on: December 27, 2025 07:12 PM