Uttar Pradesh में बनाया जाएगा 8 लेन का नया एक्सप्रेसवे, इन जिलों में होगी कनेक्टिविटी
Uttar Pradesh - उत्तर प्रदेश में एक और आधुनिक 8 लेन का एक्सप्रेसवे बनने जा रहा है, जो राज्य के कई प्रमुख जिलों को जोड़ेगा। इस परियोजना से यात्रा में लगने वाला समय काफी कम होगा और औद्योगिक क्षेत्रों को नई कनेक्टिविटी मिलेगी। कहा जा रहा है कि इससे निवेश और रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। आइए नीचे खबर में जान लेते है इससे जुड़ी पूरी जानकारी विस्तार से-
HBN News TV – (Uttar Pradesh New Expressway)। भारत के कुल एक्सप्रेसवे का एक महत्वपूर्ण हिस्सा उत्तर प्रदेश (UP) में है, और यह हिस्सेदारी बढ़ने की उम्मीद है। ऐसा इसलिए क्योंकि UP में आठ नए एक्सप्रेसवे (New Expressway In UP) बनने वाले हैं, जिनमें से कई पर काम शुरू हो चुका है। इन एक्सप्रेसवे के पूरा होने पर, प्रदेश के करीब 30 जिलों की कनेक्टिविटी में ज़बरदस्त सुधार आएगा। आइए नीचे खबर में जान लेते है इनके बारे में विस्तार से-
चित्रकूट लिंक एक्सप्रेसवे-
यूपी का पहला प्रस्तावित लिंक एक्सप्रेसवे लगभग 120 किमी लंबा होगा। यह चित्रकूट को वाराणसी (Chitrakoot Link Expressway) और बांदा जिलों से जोड़ेगा। इसे जुलाई 2025 में मंजूरी मिली है और 2026 के अंत तक पूरा करने का लक्ष्य है। यह सड़क चित्रकूट धाम की कनेक्टिविटी को बेहतर बनाकर धार्मिक और पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देगी।
जालौन से बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे को जोड़ेगा नया हाईवे-
जालौन जिले को बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे (Bundelkhand Expressway) से जोड़ने की एक बड़ी योजना है, जिसके तहत राष्ट्रीय राजमार्ग 27 के किनारे करीब 115 किमी लंबा एक्सप्रेसवे बनाया जाएगा। शुरुआत में यह 4 लेन का होगा, जिसे बाद में 6 लेन में अपग्रेड किया जाएगा। इस निर्माण के लिए लगभग 63 गांवों की जमीन अधिग्रहीत होगी, जिससे क्षेत्र में जमीनों के दाम बढ़ने की उम्मीद है। यह एक्सप्रेसवे जालौन (Expressway Jalaun) के लिए कनेक्टिविटी को सुधारेगा।
विंध्य एक्सप्रेसवे-
विंध्य एक्सप्रेसवे (Vindhya Expressway) करीब 320 किमी लंबा होगा। यह प्रयागराज से शुरू होकर मिर्जापुर, वाराणसी और चंदौली होते हुए सोनभद्र तक जाएगा। इस प्रोजेक्ट के लिए बजट आवंटित कर दिया गया है और इसे 2-3 साल में पूरा करने का लक्ष्य है। करीब 23,000 करोड़ रुपए की लागत से बन रहा यह एक्सप्रेसवे विंध्य क्षेत्र में विकास का बड़ा माध्यम बनने जा रहा है।
विंध्य-पूर्वांचल लिंक एक्सप्रेसवे-
विंध्य और पूर्वांचल को जोड़ने के लिए 100 किमी लंबे लिंक एक्सप्रेसवे (Link Expressway) की भी योजना है। यह लिंक रोड चंदौली के पास विंध्य एक्सप्रेसवे को गाज़ीपुर के पास पूर्वांचल एक्सप्रेसवे से जोड़ेगी। करीब 7,000 करोड़ की लागत से बनने वाली यह सड़क पूर्वी यूपी में विकास और पर्यटन को नई रफ्तार देगी।
मेरठ से हरिद्वार के लिए नया एक्सप्रेसवे लिंक
मेरठ के बाद एक्सप्रेसवे को हरिद्वार तक ले जाने की भी तैयारी है। फिलहाल गाज़ियाबाद से मेरठ (Ghaziabad to Meerut) तक एक्सप्रेसवे सक्रिय है और अब इसे हरिद्वार तक विस्तार देने की योजना है। मेरठ में यह कॉरिडोर प्रयागराज से आ रहे गंगा एक्सप्रेसवे से भी जुड़ेगा। इस परियोजना के लिए 50 करोड़ का बजट जारी किया जा चुका है।
आगरा-लखनऊ से गंगा एक्सप्रेसवे का लिंक-
आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे (Agra-Lucknow Expressway) और गंगा एक्सप्रेसवे (Ganga Expressway) को जोड़ने के लिए 90 किमी लंबा ‘गंगा लिंक’ बनाया जा रहा है। यह सड़क फर्रुखाबाद होकर गुजरेगी। लगभग 900 करोड़ का बजट जारी किया जा चुका है और काम वर्ष 2025 के अंत तक शुरू होने की संभावना है। कुल लागत करीब 7,488 करोड़ आंकी गई है।
चित्रकूट-रीवा लिंक से UP-MP का सीधा संपर्क-
यूपी और मध्यप्रदेश के बीच तेज और सीधे संपर्क के लिए चित्रकूट से रीवा (MP) को जोड़ने वाला 70 किमी का नया एक्सप्रेसवे प्रस्तावित है। यह सड़क सीधे बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे (Bundelkhand Expressway) से भी जुड़ेगी, जो पूर्वी और पश्चिमी यूपी को MP से जोड़ने की एक मजबूत कड़ी बन जाएगी।
जेवर लिंक एक्सप्रेसवे-
जेवर लिंक एक्सप्रेसवे (Jewar Link Expressway) को मंजूरी और फंड दोनों मिल चुके हैं। इसका मुख्य उद्देश्य जेवर एयरपोर्ट को यमुना एक्सप्रेसवे और गंगा एक्सप्रेसवे से तेज कनेक्टिविटी प्रदान करना है। इस हाई-स्पीड लिंक का निर्माण इसी साल शुरू होने की उम्मीद है, जिससे जेवर एयरपोर्ट को नोएडा से लेकर पूर्वी यूपी (Noida to Eastern UP) तक सीधा और त्वरित एक्सेस मिलेगा। यह योजना क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
First published on: November 10, 2025 01:47 PM