8th pay commission: 8वें वेतन आयोग को लेकर 10 बड़े अपडेट आए सामने, जान लें जरूरी बातें
8th pay commission: केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। 8वें वेतन आयोग को लेकर कई अहम अपडेट्स जारी हुए हैं। बताया जा रहा है कि नए वेतन ढांचे, भत्तों और पेंशन सुधारों पर तेजी से काम चल रहा है। ऐसे में चलिए आइए नीचे खबर में जान लेते हैं 8वें वेतन आयोग से जुड़ी 10 बड़ी बातें-
HBN News Tv – (8th pay commission Update)। केंद्र सरकार ने 8वें केंद्रीय वेतन आयोग को मंजूरी दे दी है. यह आयोग केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनधारियों के लिए महत्वपूर्ण है. इसका मुख्य कार्य वेतन, भत्ते (Allowances) और पेंशन के पूरे ढांचे को बदलने का काम शुरू करना होगा. इस खबर में आपको 8वें वेतन आयोग से जुड़े 10 सबसे जरूरी सवालों के जवाब देते हैं.
आठवें वेतन आयोग को लेकर क्या आया नया अपडेट?
केंद्रीय कैबिनेट ने हाल ही में 8वें केंद्रीय वेतन आयोग (8th Central Pay Commission) के लिए ‘टर्म्स ऑफ रेफरेंस’ (ToR) को मंजूरी दी है। यह ToR आयोग के गठन, उसके काम (वेतन, भत्ते, पेंशन की समीक्षा) का ब्लूप्रिंट है, जिसका फायदा लाखों केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स को होगा।
कब से लागू होगी नई सैलरी?
नया पे स्केल (new pay scale) और पेंशन 1 जनवरी 2026 से लागू होने की संभावना है। यह फैसला वेतन आयोगों के बीच 10 साल के अंतराल को बनाए रखने के नियम का पालन करता है।
कितने लोगों को मिलेगा इसका फायदा?
वेतन में इस बदलाव से लगभग 50 लाख केंद्रीय कर्मचारियों (central employees) और 65 से 69 लाख पेंशनधारियों लोगों को सीधा फायदा मिलेगा।
कौन करेगा आयोग की अध्यक्षता?
आठवें वेतन आयोग (8th pay commission latest news) की अध्यक्षता सुप्रीम कोर्ट की पूर्व न्यायाधीश जस्टिस रंजना प्रकाश देसाई करेंगी. उन्हें प्रोफेसर पुलक घोष (पार्ट-टाइम सदस्य) और पंकज जैन (सदस्य-सचिव) सहयोग करेंगे.
रिपोर्ट जमा करने की डेडलाइन क्या है?
आयोग को अपने गठन की तारीख से 18 महीनों के अंदर अपनी सिफारिशें सरकार को सौंपनी होंगी.
सैलरी में कितनी बढ़ोतरी की उम्मीद है
अभी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन पिछले आयोगों को देखते हुए, सैलरी और पेंशन में 30 से 34 प्रतिशत की बढ़ोतरी हो सकती है. इससे न्यूनतम मूल वेतन (Minimum Basic Pay) मौजूदा ₹18,000 से बढ़कर ₹33,000 से ₹44,000 के दायरे में जा सकता है।
क्या होता है ‘फिटमेंट फैक्टर’
सैलरी में बढ़ोतरी फिटमेंट फैक्टर (Fitment Factor Update) पर निर्भर करती है। यह एक मल्टीप्लायर है जिसे मौजूदा मूल वेतन पर लागू करके नया मूल वेतन तय किया जाता है। सातवें वेतन आयोग (7th pay commission) में यह फैक्टर 2.57 था, 8वें आयोग का फैक्टर ही सैलरी रिवीजन (salary revision) को डिसाइड करेगा।
क्या कर्मचारियों को बकाया (Arrears) मिलेगा?
हां, क्योंकि नया वेतन और पेंशन (pension) 1 जनवरी 2026 से लागू होगा, इसलिए कर्मचारियों को लागू होने की तारीख और वास्तव में भुगतान की तारीख के बीच की अवधि का बकाया (Arrears) मिलने की संभावना है।
आयोग किन इकोनॉमिक फैक्टर (economic factor) पर काम करेगा?
आयोग को देश की आर्थिक स्थिति, विकास कार्यों के लिए पर्याप्त संसाधन सुनिश्चित करने जैसे कारकों को ध्यान में रखेगा।
क्या सिफारिशों का राज्य सरकारों पर असर पड़ेगा?
हां, आयोग को अपनी सिफारिशों का राज्य वित्त पर संभावित प्रभाव देखना चाहिए. ऐसा इसलिए है क्योंकि राज्य सरकारें अक्सर कुछ बदलावों के साथ, केंद्रीय वेतन आयोग (central pay commission) के सुझावों को अपनाती हैं, जिससे उन पर वित्तीय बोझ पड़ता है।
First published on: November 08, 2025 04:38 PM